कक्षा 1 से 5 के लिए

इंडी के साथ गणित सीखें

मैं इंडी हूँ, एक मधुमक्खी। मेरा छत्ता छोटे-छोटे षट्भुजों से बनता है, और गणित भी छोटे-छोटे कदमों से बनता है। चलिए, साथ में शुरू करते हैं!

बच्चा सही उत्तर बता दे, यह अच्छी बात है। वह समझा सके कि उत्तर तक कैसे पहुँचा, तो सीख और मज़बूत होती है। यहाँ आपको घर और कक्षा में गणित समझाने के छोटे तरीके, बातचीत के सवाल और मुफ़्त वर्कशीट मिलेंगी। कागज़, पेंसिल और कुछ तीलियों से शुरुआत हो सकती है।

ये पन्ने कक्षा 1 से 5 के माता-पिता और शिक्षकों के लिए हैं। आप बच्चे की किताब और उसकी अभी की समझ के अनुसार गतिविधि चुनिए। एक ही कक्षा के दो बच्चों को अलग सहारे की ज़रूरत हो सकती है।

आज कहाँ से शुरू करें?

कक्षा 1 से 5 में बच्चे क्या सीखते हैं?

भारत में प्राथमिक गणित कक्षा 1 से 5 तक पढ़ाया जाता है। राष्ट्रीय शिक्षा नीति में कक्षा 1 और 2 बुनियादी स्तर का हिस्सा हैं; कक्षा 3 से 5 प्रारंभिक स्तर में आती हैं। अलग बोर्ड, राज्य और विद्यालय अपनी किताबें तथा पढ़ाने का क्रम चुन सकते हैं। इसलिए यहाँ कक्षा का नाम एक दिशा है, बच्चे की क्षमता का ठप्पा नहीं।

NCERT की हिंदी किताबें कक्षा 1–2 में आनंदमय गणित और कक्षा 3–5 में गणित मेला हैं। राज्य बोर्ड और निजी स्कूलों की किताबों में कोई विषय थोड़ा पहले या बाद में आ सकता है, इसलिए अभ्यास चुनते समय बच्चे की किताब साथ रखिए।

घर पर दस मिनट का अभ्यास

  1. एक छोटा सवाल रखिए: “8 में कितना जोड़ें कि 10 हो जाए?”
  2. बच्चे को तीलियाँ, उँगलियाँ या चित्र इस्तेमाल करने दीजिए।
  3. उत्तर मिलने पर पूछिए: “तुमने कैसे सोचा?”
  4. उसी विचार का एक नया सवाल दीजिए, बहुत सारे नए सवाल नहीं।
इंडी का सुझाव

पहले बच्चे का तरीका सुनिए। हो सकता है वह सही उत्तर तक किसी दूसरे रास्ते से पहुँचा हो। सही तरीके को केवल इसलिए न बदलें कि वह आपके तरीके से अलग है।

शिक्षकों के लिए

गणित की भाषा और सुलभ सामग्री

“अंक” और “संख्या”, “अंश” और “हर”, “भागफल” और “शेषफल” में अंतर जानना उपयोगी है। हमारी गणित शब्दावली में छोटे उदाहरण मिलेंगे। ब्रेल और सुलभ सामग्री वाले पन्ने पर उपलब्ध प्रारूप तथा जाँच की सीमाएँ बताई गई हैं।

अपने लिए भी गणना का एक छोटा विराम चाहें, तो बड़ों की दैनिक गणित पहेली देखिए। खेलने से पहले खेलने का तरीका पढ़ सकते हैं।

इंडी के साथ अभ्यास करें

Beequation Kids गिनती और जोड़-गुणा के तथ्यों को छत्ते वाली पहेलियों में बदल देता है, और बच्चा अटक जाए तो इंडी इशारा देती है। कोई विज्ञापन नहीं, कोई डेटा इकट्ठा नहीं।

सुगम्यता